स्टीफन किंग

Share this:

स्टीफन किंग। यह नाम बहुत लोगों ने हो सकता है नहीं सुना हो। लेकिन अगर आप उनकी कोई पुस्तक पढ़ लेंगे तो विश्वास कीजिए ये नाम बिलकुल नहीं भूलेंगे। इस नाम के दो रूप हैं, दो आशय हैं। एक, स्टीफन किंग, एक ऐसा बच्चा जिसका बचपन गरीबी और दुर्भाग्य के अँधेरों में भटकते हुए शराब और ड्रग के दलदल में खतम होने वाला था। दूसरा, स्टीफन किंग, अमेरीकन इतिहास में सबसे अधिक पढ़े जाने वाले और सम्मानित लेखकों में से एक, जिन्होने साहित्य के कई विधाओं में एक नई परंपरा की शुरुआत किया।

       पहले स्टीफन किंग को दूसरे स्टीफन किंग में परिवर्तित किया उनकी जिद ने। लिखने का शौक उन्हें बचपन से था। धीरे-धीरे उन्होने इसे पेशेवर रूप से अपना लिया। गरीबी और नशे के दलदल में भटकते हुए भी उन्होने न तो पढ़ने की जिद छोड़ी और न ही लिखने का शौक। अंततः इसी शौक ने उन्हें इस दलदल से निकाला।

       जल्दी ही वे एक उपन्यासकार, लघु कहानी लेखक, पटकथा लेखक, समीक्षक, अभिनेता, टेलीविज़न निर्माता, फिल्म निर्देशक के रूप में प्रसिद्ध हो गए। हॉरर, रहस्य, विज्ञान गल्प, फंतासी, ड्रामा, गोथिक इत्यादि विधा के वे सिद्धहस्त बन गए। गरीबी और नशा पीछे रह गए।

       वे उन प्रारम्भिक लेखकों में से थे जिन्होने लेखकों के लिए कॉपीराइट और रोयल्टी के पैसों के अधिकार को मान्यता दिलाया। अमेरिकी राष्ट्रीय पुस्तक पुरस्कार, ब्रैम स्टोकर पुरस्कार, वर्ल्ड फैंटेसी अवार्ड जैसे कितने ही अवार्ड और सम्मान उन्हें मिले। उनकी पुस्तकों की 350 मिलियन से अधिक प्रतियाँ बिक चुकी हैं, और कई को फ़िल्मों, टेलीविजन श्रृंखलाओं, लघु-श्रृंखलाओं और कॉमिक पुस्तकों में रूपांतरित किया गया है।

Read Also  मिसाइलमैन 'पीपुल्स प्रेसिडेंट': डॉ. अब्दुल कलाम

       किंग ने 64 उपन्यास प्रकाशित किए हैं। उन्होंने लगभग 200 लघु कथाएँ भी लिखी हैं, जिनमें से अधिकांश पुस्तक संग्रह में प्रकाशित हुई हैं। द शाइनिंग (1977), कैरी (1974), लॉट ऑफ सलेम, मिसरी, पेट सेमेटरी, द स्टैंड, द गंसलिंगर, द ग्रीन माइल, अंडर द डोम इत्यादि उनकी बेस्ट सेलर पुस्तकें हैं।

       स्टीफन किंग केवल एक प्रतिभावन लेखक के रूप में ही प्रेरणा के स्रोत नहीं हैं। अपितु उनके जीवन से हम यह भी सीख सकते हैं कि परिस्थितियाँ कितनी भी प्रतिकूल हो, अगर कुछ रचनात्मक करने का जुनून हो, तो प्रतिकूल अनुभव भी अनुकूल परिणाम दे सकते हैं। गरीबी, नशा और अपराध के दलदल से ही उन्हें अपनी कई बेस्ट सेलर किताब के लिए प्लॉट मिला था। 

****